नेशनल डेस्क: आज के समय में जहां नौकरी की सुरक्षा लगातार घटती जा रही है, वहीं एक ऐसा विषय है जिसकी पढ़ाई करने के बाद कंपनियां खुद जॉब लेटर लेकर दरवाज़े पर खड़ी हैं। हम बात कर रहे हैं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की। यह वही क्षेत्र है जिसने दुनियाभर की अर्थव्यवस्था और रोज़गार के ढांचे को बदलकर रख दिया है।
एआई के चलते नौकरियां गायब और नई पैदा
टेक सेक्टर की तस्वीर पिछले कुछ सालों में पूरी तरह बदल गई है। सामान्य सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, कोडिंग और एंट्री-लेवल जॉब्स तेजी से ऑटोमेशन की चपेट में आ चुकी हैं। कंपनियों को अब ऐसे काम के लिए इंसानों की ज़रूरत नहीं जो मशीनें कुछ सेकंड में निपटा सकती हैं। इसका सीधा असर उन छात्रों पर पड़ा है जिन्होंने पारंपरिक कंप्यूटर साइंस या आईटी की पढ़ाई की है। उन्हें नौकरी पाने में पहले से ज्यादा संघर्ष करना पड़ रहा है।
लेकिन इसी बीच, AI विशेषज्ञों की मांग आसमान छू रही है। मशीन लर्निंग, डाटा साइंस और जेनेरेटिव एआई जैसे क्षेत्रों में काम करने वाले युवाओं को ग्रेजुएशन के तुरंत बाद करोड़ों के पैकेज ऑफर हो रहे हैं।
क्यों बढ़ रही है AI एक्सपर्ट्स की वैल्यू?
दरअसल, AI अब केवल टेक कंपनियों तक सीमित नहीं रहा। हेल्थकेयर, बैंकिंग, मैन्युफैक्चरिंग, शिक्षा और यहां तक कि मनोरंजन की इंडस्ट्री में भी AI का दखल बढ़ गया है। कंपनियों को ऐसे लोगों की ज़रूरत है जो मशीनों को ट्रेन कर सकें, डाटा को समझकर बेहतर समाधान निकाल सकें और नए इनोवेशन पर काम कर सकें।
यही कारण है कि पारंपरिक आईटी जॉब्स जहां सिकुड़ रही हैं, वहीं AI जॉब्स हर दिन नई ऊंचाई पर पहुंच रही हैं।
कंपनियां दे रहीं करोड़ों के पैकेज
डाटा एनालिटिक्स सॉफ्टवेयर कंपनी Databricks ने हाल ही में बताया कि उनके यहां नए ग्रेजुएट्स को सालाना 1.66 करोड़ से लेकर 2.17 करोड़ रुपये तक का पैकेज दिया जा रहा है। कुछ युवाओं की सैलरी तो 8.5 करोड़ रुपये तक पहुंच चुकी है और उनकी उम्र अभी 25 साल भी नहीं हुई।
इसी तरह, Roblox जैसी ग्लोबल गेमिंग कंपनी में भी AI विशेषज्ञों को 1.75 करोड़ रुपये सालाना औसतन ऑफर किया जा रहा है। वहीं, ScaleAI जैसी अमेरिकी कंपनी कॉलेज से पास-आउट छात्रों को शुरुआती पैकेज में ही 1.75 करोड़ रुपये तक दे रही है।
यानी पढ़ाई के तुरंत बाद युवाओं का करोड़पति बन जाना अब केवल सपना नहीं, बल्कि हकीकत बन चुका है।
कौन-सी जॉब्स हैं ज्यादा डिमांड में?
AI सेक्टर में हर दिन नए पद और नई भूमिकाएं बन रही हैं। इनमें से कुछ प्रमुख जॉब्स इस प्रकार हैं:
मशीन लर्निंग इंजीनियर
जेनेरेटिव एआई इंजीनियर
एसोसिएट AI/ML इंजीनियर
डाटा साइंटिस्ट और एसोसिएट डाटा साइंटिस्ट
क्लाउड इंजीनियर
पायथन एआई/एमएल डेवलपर
जूनियर एआई इंजीनियर
लीड एआई इंजीनियर
इन भूमिकाओं के लिए कंपनियां बड़े पैमाने पर भर्ती कर रही हैं और उम्मीदवारों को अनुभव के साथ-साथ आकर्षक प्रमोशन अवसर भी मिल रहे हैं।
योग्यता और जरूरी स्किल्स
AI क्षेत्र में करियर बनाने के लिए सिर्फ डिग्री ही काफी नहीं है। कंपनियां ऐसे युवाओं को प्राथमिकता देती हैं जो पायथन, R, जावा, मशीन लर्निंग एल्गोरिद्म, न्यूरल नेटवर्क, डाटा एनालिटिक्स और क्लाउड कंप्यूटिंग में महारत रखते हों। साथ ही, समस्या-समाधान की क्षमता और रिसर्च का अनुभव भी युवाओं को बाकी उम्मीदवारों से अलग खड़ा करता है।
क्यों खास है यह फील्ड?
AI जॉब्स की खासियत केवल पैकेज तक सीमित नहीं है। इस सेक्टर में काम करने वालों को तेजी से प्रमोशन मिलता है। कई कंपनियों ने खुलासा किया है कि तीन साल से कम अनुभव वाले कर्मचारियों की सैलरी में पिछले एक साल में ही 12% तक का इज़ाफा हुआ है। यानी न केवल शुरुआत में हाई पैकेज मिलता है, बल्कि करियर ग्रोथ भी बेहद तेज होती है।
भविष्य की तस्वीर
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले 5 से 10 साल में AI इंडस्ट्री का दायरा और भी बड़ा होगा। जिस तरह इंटरनेट ने 90 के दशक और 2000 के शुरुआती सालों में रोजगार के नए अवसर पैदा किए थे, उसी तरह AI अब आधुनिक दौर की सबसे बड़ी क्रांति बनने जा रहा है।
आज जहां पारंपरिक आईटी जॉब्स का भविष्य अधर में है, वहीं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की पढ़ाई करने वाले युवाओं के लिए आसमान भी सीमा नहीं है। करोड़ों का पैकेज, तेजी से प्रमोशन और ग्लोबल अवसर – यही वजह है कि AI को आज की सबसे हॉट और फायदेमंद करियर चॉइस माना जा रहा है।



