नेशनल डेस्क: सितंबर की शुरुआत होते ही त्योहारों और छुट्टियों का दौर पूरे देश में रौनक लेकर आता है। इस बार सरकार ने लगातार चार दिनों तक सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है। 3, 4, 5 और 6 सितंबर 2025 को कई राज्यों में स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे। इतना ही नहीं, सरकारी दफ्तर और बैंक भी इन दिनों कार्य से विराम लेंगे। लगातार छुट्टियों की यह श्रृंखला कर्मचारियों, छात्रों और परिवारों के लिए एक बड़ा तोहफा मानी जा रही है।
क्यों मिल रही हैं लगातार छुट्टियाँ?
भारत अपनी सांस्कृतिक विविधता और त्योहारों के लिए दुनिया भर में जाना जाता है। अक्सर कई धार्मिक और क्षेत्रीय पर्व एक ही समय पर पड़ जाते हैं। इस बार सितंबर की शुरुआत में भी यही हुआ है। कृष्ण जन्माष्टमी, शिक्षक दिवस और कई क्षेत्रीय मेले एक साथ पड़ने के कारण सरकार ने चार दिन का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है। इससे लोगों को न सिर्फ आराम मिलेगा बल्कि त्योहारों को पूरे उत्साह के साथ मनाने का अवसर भी मिलेगा।
3 सितंबर छुट्टी : कृष्ण जन्माष्टमी (स्मार्त)
3 सितंबर बुधवार को पहला अवकाश कृष्ण जन्माष्टमी (स्मार्त) के कारण रहेगा। यह पर्व खासतौर पर उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और गुजरात जैसे राज्यों में धूमधाम से मनाया जाता है। भगवान कृष्ण के जन्म की खुशी में मंदिरों में भजन, कीर्तन और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होते हैं। इस दिन कई राज्यों में स्कूल-कॉलेज और सरकारी दफ्तर बंद रहेंगे ताकि लोग परंपराओं और धार्मिक आयोजनों में शामिल हो सकें।
4 सितंबर अवकाश : वैष्णव जन्माष्टमी
4 सितंबर गुरुवार को वैष्णव संप्रदाय जन्माष्टमी मनाएगा। दिल्ली, महाराष्ट्र और कर्नाटक जैसे राज्यों में इस दिन सार्वजनिक अवकाश रहेगा। श्रद्धालु उपवास रखते हैं, रात्रि जागरण करते हैं और मंदिरों में विशेष पूजन होता है। अवकाश की घोषणा से भक्त बिना किसी बाधा के धार्मिक कार्यक्रमों में भाग ले पाएंगे।
5 सितंबर शिक्षक दिवस : शिक्षा जगत के लिए विशेष दिन
5 सितंबर शुक्रवार को देशभर में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। यह दिन भारत के दूसरे राष्ट्रपति और महान शिक्षक डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्मदिवस पर मनाया जाता है। कई राज्यों में इस अवसर पर स्कूल और कॉलेज बंद रहते हैं, जबकि कहीं-कहीं विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। छात्र अपने शिक्षकों को सम्मानित करते हैं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए उनके योगदान को याद करते हैं।
6 सितंबर छुट्टी : क्षेत्रीय मेले और स्थानीय पर्व
6 सितंबर शनिवार को राजस्थान, ओडिशा और असम जैसे राज्यों में क्षेत्रीय त्योहारों और मेलों का आयोजन होगा। इन दिनों वहां सरकारी कार्यालय, शैक्षणिक संस्थान और बैंक बंद रहेंगे। यह अवसर स्थानीय संस्कृति, कला और परंपराओं को बढ़ावा देने का भी है।
बैंक और सरकारी कार्यालयों पर असर
RBI के अवकाश कैलेंडर के मुताबिक, इन चार दिनों में जिन राज्यों में त्योहार और आयोजन होंगे, वहां बैंक बंद रहेंगे। हालांकि ATM, मोबाइल बैंकिंग और ऑनलाइन लेनदेन पहले की तरह चलते रहेंगे। सरकारी दफ्तरों और संस्थानों में भी कामकाज रुकेगा, जिससे कर्मचारियों को लंबा आराम मिलेगा।
छात्रों और परिवारों के लिए सुनहरा मौका
लगातार चार दिन की छुट्टियाँ छात्रों और नौकरीपेशा लोगों के लिए किसी तोहफे से कम नहीं हैं। यह समय वे परिवार के साथ बिताने, यात्रा करने या त्योहारों में शामिल होने में उपयोग कर सकते हैं। पर्यटन स्थलों, होटलों और ट्रैवल एजेंसियों में इस दौरान बुकिंग बढ़ने की संभावना है क्योंकि लोग इस लंबे वीकेंड का पूरा लाभ उठाना चाहेंगे।
निष्कर्ष : त्योहार और आराम का संगम
3 से 6 सितंबर तक घोषित सरकारी अवकाश ने देशभर में उत्साह बढ़ा दिया है। कृष्ण जन्माष्टमी, शिक्षक दिवस और क्षेत्रीय मेलों का यह संगम न केवल सांस्कृतिक विविधता का प्रतीक है, बल्कि आम जनता को व्यस्त दिनचर्या से राहत भी देता है।
स्कूल-कॉलेज बंद, सरकारी कार्यालय बंद और बैंकों की छुट्टियाँ—यह सब मिलकर इस अवधि को एक यादगार त्यौहार अवकाश में बदल देंगे। चाहे धार्मिक आस्था हो, शिक्षा का सम्मान हो या पारिवारिक मेल-मिलाप, सितंबर की यह लंबी छुट्टी हर किसी के लिए खास होने वाली है।






